प्रेरक विचार

प्रेरक विचार जो कि प्रेरणा के श्रोत है ।


1. सुविचार

[ नवम्बर 2016 | लक्ष्मी जैन द्वारा लिखित ]
आशावाद ही वह भरोसा है, जो हमें सफलता की ओर ले जाता है। आशा और हौसले के बिना सफलता पाना नामुमकिन है। जीवन की विडंबना यह नहीं है कि आप अपने लक्ष्य तक नहीं पहुचे ,बल्कि यह है की पहुँचने के लिए आपके पास कोई लक्ष्य ही नहीं था।  यदि बुद्धिमानी और प्रगति जैसी कोई बात है तो वह .....
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2. प्रेरक विचार

[ जून-जुलाई 2015 संयुक्त अंक | अमन सिंह द्वारा लिखित ]
• महान ध्येय करने की कोई उम्र नहीं होती। • गलती करना मामूली बात है, लेकिन उसे मामूली बात समझना खतरनाक है। • धन से धन बनाया जा सकता है, विद्या से धन बनाया जा सकता है। लेकिन धन से विद्या नहीं मिलती है। • अपना एक-एक दिन सँवारें, जीवन .....
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3. प्रेरक प्रसंग

[ मई 2015 | मोहम्मद इमरान खान द्वारा लिखित ]
प्रसन्नता पहले से निर्मित कोई चीज नहीं है..ये आप ही के कर्मों से आती है. दलाई लामा व्यक्ति अपने विचारों से निर्मित एक प्राणी है महात्मा गाँधी हम जो सोचते हैं, वही बन जाते हैं | भगवान् बुद्ध आँख के बदले में आँख पूरे विश्व को अँधा बना देगी | महात्मा .....
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4. सुभाष चन्द्र बोस के प्रेरणास्पद वाक्य

[ अप्रैल 2015 | मोहम्मद इमरान खान द्वारा लिखित ]
इस बार प्रस्तुत है सुभाष चन्द्र बोस के प्रेरणास्पद वाक्य |भारत के महानतम स्वतंत्रता सेनानियों में से एक नेताजी सुभाष चन्द्र बोस का नाम इतिहास में अमर है। द्वितीय विश्वयुद्ध के दौरान, अंग्रेज़ों के खिलाफ लड़ने के लिये, उन्होंने जापान के सहयोग से आज़ाद हिन्द फौज का गठन किया था और देश को आजादी दिलाने में .....
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5. राष्ट्रपति अब्दुल कलाम साहब के प्रेरक विचार

[ मार्च 2015 | मोहम्मद इमरान खान द्वारा लिखित ]
इस अंक में पढ़िए भारत क पूर्व राष्ट्रपति ए.पी.जे. अब्दुल कलाम के प्रेरक विचार | आपने बेहद साधारण परिवार से अपने जीवन की शुरुआत कर उच्चतम सफलताओं को प्राप्त किया अपनी मेहनत के बल पर | आप युवा वर्ग के लिए एक बड़े प्रेरणा श्रोत हैं -  शिखर तक पहुँचने के लिए ताकत चाहिए होती है, चाहे वो माउन्ट एवरेस्ट का शिखर .....
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6. करें दिमाग की सफाई

[ फरवरी 2015 | कल्याणी कबीर द्वारा लिखित ]
सईद और सफी दो बच्चे  घर साफ़ करने में अपनी दादी माँ की मदद कर रहे थे | दादी माँ ने कहा - '' कूड़े दान भर  चुका है | इसे बाहर ले जाकर बड़े कूड़ेदान में डाल आओ | ''  सफी बाहर गया  और कूड़े दान का कूड़ा बहार    के कूड़े दान  में डाल कर उसे खाली कर ले आया | दादी माँ ने दोनों बच्चों को कहा --  '' देखो बच्चों , .....
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7. प्रेरक विचार जनवरी 2014

[ जनवरी 2015 | डॉ. नरेश अग्रवाल द्वारा लिखित ]
विरोध  प्रत्येक विरोध हमारेउपर काबिज होनेसेपहलेचेतावनी एवं सुलह का एक मौका जरूर देता है। विस्तार नयी चीजें शुरूआत मेंअपना पोषण दूसरों से माँगती है लेकिन स्थिरता आ जाने पर अपना विस्तार स्वयं करने लगती है। आत्मनिर्भरता आत्मनिर्भरता का एक पाँव अपने केन्द्र में .....
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8. प्रेरक विचार दिसम्बर 2014

[ दिसम्बर 2014 | डॉ. नरेश अग्रवाल द्वारा लिखित ]
ढृढ़ता प्यासे, निर्जन रेगिस्तान में भी पानी तलाशते हैं और मरते हुये सैनिक अंत काल  में  भी हथियार ही ढूंढते हैं;  इच्छाओं की ढृढ़ता ही हमसे कोई बड़ा कार्य करवा पाती है।  व्यवसायी जो व्यवसायी स्वयं अपने एवं लोगों के श्रम, पूंजी, भवन, मशीनों, भण्डार, आदि की गति एवं स्थिति .....
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9. प्रेरक विचार अक्टूबर 2014

[ अक्टूबर 2014 | डॉ. नरेश अग्रवाल द्वारा लिखित ]
विरोध  प्रत्येक विरोध हमारे उपर काबिज होने से पहले चेतावनी एवं सुलह का एक मौका जरूर देता है।  विस्तार नयी चीजें शुरूआत में अपना पोषण दूसरों से माँगती है लेकिन स्थिरता आ जाने पर अपना विस्तार स्वयं करने लगती है। आत्मनिर्भरता आत्मनिर्भरता का एक पाँव अपने केन्द्र .....
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10. डॉ. नरेश अग्रवाल के प्रेरक विचार

[ सितम्बर 2014 | डॉ. नरेश अग्रवाल द्वारा लिखित ]
काम छोटे-छोटे पल मिलकर, एक दिन और फिर एक वर्ष बनते हैं, इन छोटे-छोटे पलों में किये गये काम, वर्षों में बड़े दिखाई देते हैं।  जल्दबाजी जल्दबाजी से हमारे दवारा किये गये कार्य ओस की तरह हल्के होने लगते हैं। ये बजाए हमें कुछ देने के, हमारा साथ छोड़ने लगते हैं।  .....
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11. प्रेरक विचार

[ अगस्त 2014 | डॉ. नरेश अग्रवाल द्वारा लिखित ]

12. प्रेरक विचार

[ जुलाई 2014 | डॉ. नरेश अग्रवाल द्वारा लिखित ]
जीवन जीवन की सारी घटनाओं में एक वेग होता है; जैसा कि बीज के अंकुरित होने में या जैसा कि काँटे के चुभने में, इन्हें कोई नहीं रोक सकता। कार्य खत्म होने के बाद इनकी त्वरा स्वयं ही नष्ट हो जाती है। पिता  पिता पुत्र के चेहरे पर कभी हार नहीं देखना चाहता, वह पुत्र से अधिक इन .....
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13. प्रेरक विचार -जून 2014

[ जून 2014 | संपादक द्वारा लिखित ]
1. कभी न सोचें कि यह कार्य मुझसे न होगा। मैं इस कार्य को करने में असमर्थ हूँ। मन में सदैव भावना रखें कि मैं इस कार्य को सुगमता से कर सकता हूँ। मैं इस कार्य को अवश्य करूँगा। कुछ बनने के लिए सदैव मन में उच्च विचार रखने होंगे। सदैव सोचें सफलता  पाना मेरा जन्मसिद्ध अधिकार है। इसे पाने से मुझे कोई भी वंचित .....
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14. मई 2014 : प्रेरक विचार

[ मई 2014 | संपादक द्वारा लिखित ]
मनुष्य विश्व में सबसे श्रेष्ठ प्राणी है। उसको कठिन से कठिन परिस्थितियाँ भी भयभीत करने में समर्थ नहीं है। यदि मनुष्य विपत्ति के समय घबराए नहीं और शक्ति व संयम रखे तथा अपने मन को स्वस्थ और बलिष्ठ बनाए तो विजय पा सकता है।  यदि मनुष्य अपने मन पर अंकुश रख पाने में समर्थ हो तो निराशापूर्ण विचारों को .....
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15. स्वेट मार्डेन के प्रेरक विचार

[ अप्रैल 2014 | संपादक द्वारा लिखित ]
प्रस्तुत प्रसंग 'स्वेट मार्डेन' के आधुनिक विचारों के साथ भारतीय संस्कृति एवं परम्पराओं से प्रेरित विचारों को प्रस्तुत किया जा रहा है। जिसकी आवश्कता हर उन बुद्धिजीवियों के लिए लाभकारी सिद्ध होगा जो विपरीत परिस्थितियों में हतोत्साहित हो जाया करते हैं- 1:-"जीवन अति प्यारा व सुन्दर है। मनुष्य के मन में जब .....
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इस अंक में ...